बनारस केसरी नगरा बलिया। भीमपुरा थाना क्षेत्र के ग्राम शंकरपुर मझौंवा में चल रहे चकबंदी कार्य के दौरान नापी में गड़बड़ी और दबंगई का आरोप लगा है। दलित समुदाय के लोगों ने कुछ दबंग व्यक्तियों पर “पौरुष के रोब” में आकर गलत नापी कराने का आरोप लगाते हुए चकबंदी विभाग के अधिकारियों से दोबारा नापी कराने की गुहार लगाई है।ग्रामीणों का कहना है, कि आनंद स्वरूप महाराज के नेतृत्व में अपनी नामित खेत को, ग्राम सभा की चकबंदी प्रक्रिया के दौरान अपनी हिस्सेदारी में ग्रामसभा की जमीन को मिलाकर नापी कराया है। विपक्षी पक्ष के मुन्ना, लल्लन, सूरज और नागेश्वर द्वारा आरोप है कि जोर-जबरदस्ती नापी की जा रही है।
पीड़ितों का आरोप है कि इसमें जीएस की जमीन और भूमिधर भूमि को भी शामिल कर एकतरफा नापी की कोशिश की जा रही है। दलितों का कहना है कि गलत नापी के कारण उनकी जमीन कम हो जाएगी। वीडियो में भी देखा जा सकता है कि JCB से खुदाई के दौरान मौके पर भारी भीड़ जमा थी और ग्रामीण अधिकारीयों से सवाल कर रहे थे – “नापी से आप संतुष्ट हैं?” विरोध बढ़ने पर मामला तनावपूर्ण हो गया था।
दलितों की मांग:ग्रामीणों ने चकबंदी विभाग के अधिकारियों से निष्पक्ष रूप से दोबारा नापी कराने और दबंगों पर कार्रवाई की मांग की है। उनका कहना है कि जब तक सही नापी नहीं होगी, वे काम नहीं करने देंगे। चकबंदी अधिकारियों से रिपोर्ट मांगी गई है।चकबंदी अधिकारी का बयान: “शिकायत मिली है। राजस्व टीम भेजकर दोबारा नापी कराई जाएगी। किसी के साथ अन्याय नहीं होने दिया जाएगा।”
रिपोर्टर, मुकेश कुमार श्रीवास्तव,नगरा बलिया








